खुद के लिए समय जरूर निकालें

“श्रेष्ट व्यक्ति वह है जो अपने बारे में सोचता है” – हीसियड (ग्रीक कवि) कितनी ही हो व्यस्त जीवन शैली थोड़ा समय खुद को भी देना रखना काम व निजी समय के बीच स्पष्ट रेखा सीख लेना कम जरूरी कामों के लिए विनम्रता से ना कहना बुरा नहीं होता अपनी ख़ुशी के लिए थोड़ा स्वार्थी […]

Read More

नौकरी व धंधा

(सतर्कता और अनुशासन से ख़ुशी मिलेगी) कार्य कोई भी छोटा – बड़ा नहीं होता, लगन से मेहनत करना, धंधा चुनना अपनी क्षमता और स्वभाव व मन के अनुसार, प्रतिष्ठा अवश्य मिलेगी काम अच्छे से करते रहना । बेईमानी और काम-चोरी से खतरे में पड़ेगी आपकी नौकरी, करते रहना अपने काम में सुधार और देखते रहना […]

Read More

आंसू (अश्रु)

अश्रु बहेंगे बेशुमार, जीवन पथ के कई मोड़ों में, रोकना होगा मुश्किल, झेलना अधिकतर अकेले मे । कोई नहीं बांटेगा उस पीड़ा को जिसने तुम्हें रुलाया, ध्यान करो कई कष्टों को तो आपने ही है बुलाया । संभलो, जीतलो, जियो हर दुख को मुस्कान से, याद रखें, दर्द कम नहीं होते हरेक के समक्ष रोने […]

Read More

पच्चीसॅंवा साल

यह है हमारे जीवन का प्रथम मील का पत्थर, सही वक्त होता है यह भविष्य के बारे में मुख्य निर्णय लेने का आलस्य व लापरवाही से तो गलतियां होती हैं अक्सर । तुरंत सुधारना जो गलतियां हो जाती हैं यौवन की मदहोशी में, सतर्क नहीं हुए तो जरूर धकेल लोगे अपने जीवन को अंधेरे में […]

Read More

यौनाकर्षण – सतर्कता बेहद जरूरी

क्या कहूं? स्वाभाविक, चुम्बकीय है यह आकर्षण, इसके सम्मुख कुछ नहीं हमारे ग्रहों का गुरुत्वाकर्षण । सुखी रहो, संतुष्ट रहो, बस एक ही प्यारा- प्यारी से, संभालना एक दुसरे को, पार लगा लेना दुःखभरी दुनियादारी से । सीख सर्वोपरि है ,जीवन पार लगाने को, परनारी / पुरुष का ख़्याल ही मिटा देगा आपकी हर ऊंचाई […]

Read More

धोखा

मानव धोखा खा जाता है पूरी सावधानी के बाद भी, दुःख असहनीय होता है जब करीबी भी करते हैं विश्वासघात आप तो सपने में भी नहीं करना अन्याय किसी के साथ भी । चालाकों से सावधान रहना ये नहीं देंगे बुरे वक्त में साथ, ऐसे लोग नहीं करेंगे आपके जज्बातों की कदर इश्क में भी […]

Read More

अज्ञानी कौन?

(अज्ञानता से बचने के उपाय) अज्ञानी है वह जो सोचता है उसी की सोच है सही, यह रखते हैं गलत भावनाएं और करते हैं अन्यों की निंदा, ऐसों का उत्थान नहीं होता, वो रुक जाते हैं वहीं के वहीं। बाहरी आडम्बरों पर विश्वास करना भी है अज्ञान की निशानी, ऐसे लोग नहीं समझ पाते हैं […]

Read More

उत्साह व आत्मविश्वास में कमी ना हो – संतुष्ट रहना

उत्साहित मन ही अपनापाता है दया ,प्रेम और निस्वार्थता, हर कार्य आरंभ करना धैर्य, उत्साह , शुमता और प्रसन्नता के साथ इन्हीं गुणों में छुपी होती है सफल जीवन की विशेषता व्याकुलता और निरुत्साह से मिलती है असफलता । अनेक त्रासदियों के बावजूद सृष्टि अभी भी है अति सुन्दर, जोश से कोशिश करना इसको और […]

Read More

उत्सव व फ़िज़ूल खर्च

(दिखावे और खर्चीले समारोहों से बचें ) उत्सव जरूरी है शुभ अवसरों, त्योंहारों व उपलब्धियां पर, अच्छे मौके कहां आते हैं बार-बार,उनकी यादें जरूर देगी सुकून रखना जीवन का हर क्षण उत्साह व जश्नों की धमाल से भरपूर देख-दिखावे के चक्कर में मत आना भूलकर भी हैसियत से ज्यादा खर्च मत करना किसी भी अवसर […]

Read More

चरित्र

हमारा वर्तमान व भविष्य सिर्फ हमारे चरित्र और कड़ी मेहनत पर निर्भर करता है । अभिभावकों सुधारलो अपना चरित्र, संताने होगी भाग्यवान, माता-पिता को ख़ुशी होती है जब बच्चे होते हैं चरित्रवान गुरुजनों से करबध्द अरदास है कृपया रहे सचेत व सावधान आपके ही जिम्मे है भावी पीढ़ी और पूरे विश्व का भविष्य कम होंगे […]

Read More

Page 3 of 11

© shivrammehta.in 2026. All Rights Reserved.